खसरा व रूबेला से निपटने के लिए हमें मिलकर प्रयास करना होगा: अल्हाज मुहम्मद सईद नूरी

मुंबई: खसरा और रूबेला की रोकथाम के लिए जहां सरकार और नगर निगम ने युद्ध स्तर पर तैयारी कर ली है वहीं धार्मिक और जन कल्याणकारी संगठन भी मैदान में आ चुके हैं, जिसमें अंतरराष्ट्रीय संस्था रजा एकडमी भी शामिल है।  साथ ही आल इंडिया सुन्नी जमीयत उलेमा ने भी लोगों से बच्चों के स्वास्थ्य का ध्यान रखने की अपील की है। वहीं

रज़ा एकडमी के संस्थापक कायद ए मिल्लत अल्हाज मुहम्मद सईद नूरी साहब ने मदरसों के छात्रों के साथ सुन्नी मुस्लिम कब्रिस्तान रफ़ी नगर गोवंडी से एक महत्वपूर्ण रैली निकाली जो 6 नंबर रोड से होते हुए शिवाजी नगर तक गई। इस दौरान मदरसा दीनिया के बच्चों ने हाथों में तख्तियां ले रखी थीं, जिसमें उन्होंने अपने बच्चों की जान बचाने की अपील की। रैली को संबोधित करते हुए नूरी साहब ने कहा कि गोवंडी में जिस तरह खसरा और रूबेला ने कहर बरपाया है वह बहुत खतरनाक है और इस बीमारी से निपटने के लिए हमें मिलकर प्रयास करने की जरूरत है।

उन्होंने आगे कहा कि उक्त बीमारी धीरे-धीरे स्लम क्षेत्रों से शहर में प्रवेश कर रही है और इससे निपटने के लिए संस्थाओं को भी मैदान में उतरना होगा, नहीं तो सैकड़ों बच्चे मारे जायेंगे, जिसके लिए कहीं न कहीं हम जिम्मेदार होंगे क्योंकि जागरूकता फैलाना भी हमारी जिम्मेदारी है। जिससे हम नहीं बच सकते। इस बीमारी को दूर करने के लिए अनपढ़ इलाकों में नुक्कड़ सभा या जागरुकता रैली के जरिये ही सरकार और नगर निगम द्वारा दिए जाने वाले टीकों पर भरोसा पैदा किया जा सकता है।

हजरत नूरी साहब ने आगे कहा कि धार्मिक स्कूलों के छात्र और शिक्षक भी खसरा और रूबेला के खिलाफ आवाज उठा रहे हैं और लोगों को बता रहे है कि स्वच्छता हमारा धार्मिक कर्तव्य है। आशा है कि इससे अच्छे परिणाम सामने आएंगे और लोग डरेंगे नहीं डर से बाहर निकल कर बच्चों के जीवन के बारे में सोचेंगे। आगे भी हमारा प्रयास जारी रहेगा।

अंत में नूरी साहब ने सभी का धन्यवाद किया और कहा कि अभियान कमजोर नहीं होना चाहिए, लेकिन हर हाल में बच्चों को इस बीमारी से मुक्त करना चाहिए। उन्होंने कहा कि मस्जिदों के इमामों और विद्वानों से अनुरोध है कि वे इसकी जानकारी शुक्रवार के खुतबे में दें।

रैली में मदरसा दीनिया के छात्रों के अलावा, हज़रत मुफ़्ती क़ैसर हसन बिस्मिल्लाह मस्जिद, हज़रत मौलाना अज़मत अली फ़ैज़ अल रसूल मस्जिद, हज़रत मुफ़्ती मुहम्मद उस्मान अशरफ़ अशरफ़ी, हज़रत कारी मुहम्मद तौफ़ीक आजमी मिस्बाही, हज़रत कारी मुहम्मद इसराइल रिज़वी, हज़रत कारी ग़समत अली रज़वी हजरत मौलाना प्रो महमूद अली खान अशरफी, हजरत कारी रईस अहमद, हजरत कारी मुहम्मद सुलेमान खान रिजवी, हजरत कारी अलाउद्दीन रिजवी, हजरत मौलाना रदी अल्लाह शरीफी, हाफिज जुनैद रजा रशीदी, नाजिम रिजवी, शकील खतीब फरीदभाई, शेर अली शिरोभाई शेर खान रफी नगर, अब्दुल रऊफ भाई रफी नागर, प्रसिद्ध समाजसेवी विनोद जैन महावीर अस्पताल आदि मौजूद रहे।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here